ऋषिकेश में न मिलती शराब और न पाया जाता नॉन-वेज, कुछ ऐसे ही रोचक तथ्यों से जुड़ा है ये शहर

ऋषिकेश में न मिलती शराब और न पाया जाता नॉन-वेज, कुछ ऐसे ही रोचक तथ्यों से जुड़ा है ये शहर – आश्रमों से घिरा ऋषिकेश उत्तराखंड के सबसे खूबसूरत डेस्टिनेशन में से एक है। ये शहर अपने प्राचीन पर्यटन स्थलों के लिए भी जाना जाता है। आसपास आपको कई ऊंचे-ऊंचे घने पेड़ दिख जाएंगे, जिनके बीच शांति से बैठने में लोगों को बेहद मजा आता है। यहां बिताया हर पल लोगों को जीवनभर याद रहता है। लेकिन इन सबके अलावा आप इस शहर के बारे में और कितना जानते हैं शायद बहुत कम। अगर ऐसा ही है, तो चलिए आज हम आपको ऋषिकेश से जुड़ी कुछ ऐसी दिलचस्प बातें बताएंगे, जिनके बारे में जानने के बाद आपको भी यकीनन हैरानी होगी।

विश्व की योग राजधानी

ऋषिकेश में योग केंद्र सबसे ज्यादा देखे जा सकते हैं, जिस वजह से इस जगह को “विश्व की योग राजधानी” के रूप में भी जाना जाता है। शहर पर्यटकों को सबसे ज्यादा आकर्षित करता है। ये स्थान लोगों के लिए योग सीखना के लिए सबसे अच्छी जगह है। शहर में कई खूबसूरत और प्रसिद्ध आश्रम हैं जहां प्रकृति की गोद में ध्यान और योग का अभ्यास किया जाता है।

शराब और मांसाहारी खाने की अनुमति नहीं होती

अगर आप ये बात नहीं जानते, तो हम बता दें, ऋषिकेश में शराब या मांसाहारी खाना नहीं मिलता। ये जगह देश की एक पवित्र भूमि और एक महत्वपूर्ण तीर्थस्थल के रूप में जानी जाती है। जिस वजह से यहां शराब और मांसाहारी खाने पर पूरी तरह से प्रतीबंध लगा दिया गया है।

यहां है ​133 साल पुराना कैलाश आश्रम ब्रह्मविद्या पीठम

ऋषिकेश में कैलाश आश्रम शास्त्रीय वेदांत अध्ययनों को संरक्षित और बढ़ावा देने के लिए समर्पित है। यहां से स्वामी राणा तीर्थ, स्वामी विवेकानंद और स्वामी शिवानंद जैसे प्रमुख लीडर्स ने ज्ञान प्राप्त किया है। ये आश्रम 133 साल पुराना है।

चार धाम का प्रवेश द्वार

जैसा कि आप जानते हैं चार धाम यात्रा केदारनाथ, बद्रीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री के लिए जानी जाती है। ऋषिकेश इन जगहों तक पहुंचने का प्रमुख प्रवेश द्वार माना जाता है।

पहला बंजी जंपिंग डेस्टिनेशन

प्रकृति से घिरा हुआ ऋषिकेश अपनी एडवेंचर एक्टिविटीज के लिए जाना जाता है। यहां आप रिवर राफ्टिंग, कैंपिंग, ट्रेकिंग, पैराग्लाइडिंग और बंजी जंपिंग जैसे कई दिलचस्प साहसिक खेलों का आनंद लेने के लिए जा सकते हैं। ऋषिकेश भारत में बंजी जंपिंग शुरू करने वाला पहला शहर भी है।

अत्यधिक साक्षरता दर

आश्रमों और योग केंद्रों वाला ये पवित्र शहर भी उच्चतम साक्षरता दर (High Literacy Rate) में से एक है। ऋषिकेश में साक्षरता दर लगभग 86% है। ये शहर यात्रियों के लिए योग सीखने और सर्टिफिकेट प्राप्त करने के लिए भी लोकप्रिय है।

Conclusion:- दोस्तों आज के इस आर्टिकल में हमने ऋषिकेश में न मिलती शराब और न पाया जाता नॉन-वेज, कुछ ऐसे ही रोचक तथ्यों से जुड़ा है ये शहर के बारे में विस्तार से जानकारी दी है। इसलिए हम उम्मीद करते हैं, कि आपको आज का यह आर्टिकल आवश्यक पसंद आया होगा, और आज के इस आर्टिकल से आपको अवश्य कुछ मदद मिली होगी। इस आर्टिकल के बारे में आपकी कोई भी राय है, तो आप हमें नीचे कमेंट करके जरूर बताएं।

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